कभी कभी अजीब सा लगता है
कभी कभी खुबसूरत लगता है
कभी कभी मन को लुबाने लगता है
कभी कभी मन को उचकाने लगता है
पूछोगे नहीं आखिर है क्या ये कभी कभी ?
हां हुजुर यह प्यार है ,इक अहसास है .
ये सच है कुछ नहीं है इस जहाँ में बिन प्यार के
छलावा लगती है ये दुनिया बिन प्यार के जीने में
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